Minister

नाम:  एम. चंद्रशेखर रेड्डी
पदनाम:  महानिदेशक

राष्ट्रीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम (सूलमउ) संस्थान (निम्समे) 
(सूलमउ मंत्रालय, भारत सरकार का संगठन)
युसूफगुड़ा, हैदराबाद 500 0045, भारत

 फोन नं. . 91-40-23608577 / 23608544
फैक्स : 91-40-23608547 / 23541260
मोबाइल
: 9866019324
ईमेल : dg@nimsme.org
वेबसाइट
: www.nimsme.org

 व्यक्तिगत परिचय :

श्री चंद्रशेखर रेड्डी ने अर्थशास्त्र में स्नातकोत्तर उपाधि और उद्यमिता में स्नातकोत्तर डिप्लोमा तथा समूह विकास पर युनीडो प्रमाणीकरण प्राप्त किया है। उनका व्यक्तित्व व्यापार विस्तार एवं प्रबंधन के मामले में पेशेवर अंदाज़ की अद्भुत मिसाल है।श्री रेड्डी के दो दशकों के कार्यानुभव में संगठनों के बीच प्रबंधकीय उत्तरदायित्व और सूक्ष्म, लघु तथा उद्यमों के प्रोत्साहन एवं विकास संबंधी कार्य अहम रहा है। उन्होंने हरियाणा-दिल्ली औद्योगिक सलाहकारी संस्थाओं (हर्डिकॉन), उद्यमिता विकास केंद्र (सेडमैप), मध्य प्रदेश, राष्ट्रीय सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यम विकास संस्थान तथा जर्मन इंटरनेशनल कोपरेशन (जीआईज़ेड) में अलग-अलग ओहदों पर अपनी सेवाएं दी हैं।

श्री रेड्डी ने खास तौर पर उद्यमिता विकास के लिए प्रोत्साहन संबंधी प्रशिक्षण, अनुसंधान तथा परामर्श संस्थाओं को प्रोत्साहित करने के बारे में बड़े पैमाने परा कार्य किया है। उन्होंने विभिन्न संस्थाओं में उद्यमिता विकास प्रकोष्ठों की स्थापना में भी महत्वपूर्ण सहयोग प्रदान किया है। उन्होंने रासूलमउ संस्थान में राष्ट्रीय समूह विकास संसाधन केंद्र की स्थापना में अग्रणी भूमिका निभाई है । इळके अलावा भारत सरकार के साथ ही विभिन्न राज्य सरकारों के मंत्रालयों की समूह विकास योजनाओं के निर्माण में मुख्य भूमिका अदा की है।

उन्होंने रासूलमउ संस्थान में अपने कार्य के दौरान विभिन्न देशों में समूहों की पहचान और मानचित्र बनाने के बारे में नीति निर्माण संबंधी विभिन्न पहलुओं पर अंतर्राष्ट्रीय कार्यकारियों को मार्गदर्शन किया। इसी तरह देशभर में विभिन्न समूहों के प्रशिक्षणाधीन समूह विकास कार्यकर्ताओं और कार्यकारियों को सजगता के साथ आवश्यक मार्गदर्शन एवं सामग्री मुहैया की। सू.ल.म. उद्यमों के लिए व्यापार विकास सेवा (बीडीएस) मॉडल विकासित किया तथा जर्मन इंटरनेशलन कोपरेशन (जीआईजेड़) में अपने कार्यकाल के दौरान वित्तीय संस्थाओं के लिए क्षेत्रानुरूप ऋण उत्पादों का स्वरूप तैयार करने में योगदान दिया।

श्री रेड्डी ने उद्यमिता विकास एवं सू.ल.म. उद्यमों के समूह विकास के बारे में विभिन्न लेखों के प्रकाशन में योगदान दिया है तथा उन्होंने जिन-जिन संगठनों में कार्य किया, उनके लिए सूक्ष्म, लघु एवं मध्यम उद्यमों से संबंधित विभिन्न संकल्पनाओं पर पुस्तकों का प्रकाशन करवाया है। वर्तमान उद्यमिता विकास, समूह विकास, बीडीएस मॉडल, नवाचार के अवसर, व्यापार परियोजनाएँ तथा प्रबंधन में उनके पसंदीदा क्षेत्र हैं।