कर्मचारी सहायता प्रकोष्ठ की स्थापना राष्ट्रीय नवीनीकरण निधि योजना के कार्यान्वयन के लिए वर्ष 1998 में की गई, जिसे सार्वजनिक उद्यम विभाग ने केंद्रीय सार्वजनिक उद्योग इकाइयों के स्वेच्छा निवृत्ती प्राप्त कर चुके कर्मचारियों को फिर से सेवा के लिए प्रोत्साहित करने के लिए परामर्श, पुनः प्रशिक्षण और उन्हें फिर से नियुक्त करने वाली एक नोडल एजेंसी के रूप में प्रामाणित कर दिया।

इस प्रकोष्ठ का मुख्य उद्देश्य स्वेच्छा निवृत्ति लेने वाले कर्मचारियों को स्वरोज़गार अथवा वेतन रूप रोज़गार अर्जित करने के लिए परामर्श के माध्यम से सक्रिय बनाना और उनका पुनर्वसन करना तथा बाद में उन्हें आवश्यक सेवाएं प्रदान करना है। इस प्रकोष्ठ ने करीब 15,000 कर्मचारियों को निजी संगठनों, राज्य एवं केंद्रीय सार्वजनिक उद्योग इकाइयों के लिए पुनर्प्रशिक्षित किया।

कार्य

* स्वेच्छा से निवृत्त कर्मचारियों को स्व-रोजगार एवं वेतन आधारित रोजगार के अवसरों के बारे में सचेत बनाना
* स्वेच्छा से निवृत्त कर्मचारियों को पुनः प्रशिक्षण देना और उन्हें दोबारा नियुक्ति दिलाना।